Cities

Holi at Holy Place of Mathura-Vrindavan

By

When you will reach Temple, you can see people doing arti at Temple gate, as inside of Temple was quite crowded. Then everyone was entering inside through bit random queue, Priests were throwing colors on crowd, even everyone was throwing colors inside temple to show their happiness in celebrating holi with Lord Krishna, It’s an unbelievable experience to be a part of this event. When you are there you can’t see everything but just feel the blessing of that divine environment.

Read More

Travel reminiscences from the 1970s …

By

अब के बिछड़े तो शायद कभी ख़्वाबों में मिलें,
जिस तरह सूखे हुए फूल, क़िताबों में मिले

While recently listening to the above gazal of Ahmad Faraz,by Mehdi Hassan,the line ”jis tarah sukhe hue phuul kitabon mein milen” jogged my memory about the old faded travel photographs of years gone by lying, for decades, in the trunk in the basement.

Read More

मेघालय – शिलोंग , स्कॉटलैंड ऑफ़ दी ईस्ट

By

जब हमने सुना कि एशिया का सबसे स्वच्छ गांव का पुरस्कार भारत के एक गांव ने जीता है और वो मेघालय में है तो मैंने इसे अपने प्लान में शामिल किया । लीविंग रूट ब्रिज देखने के बाद हम इस इस गांव में पहुंचे जो कि लीविंग रूट ब्रिज वाले गांव से 2 किमी दूर स्थित है।गाँव को साफ़ कैसे रख पाते है जबकि सैलानी आते जाते रहते है रोज़ खूब सारे।

Read More
स्तूप

अरुणाचल प्रदेश

By

स्नानादि पश्च्यात 10 बजे शहर से लगभग 6 किमी की दूरी पर एक सुन्दर सी जगह है गंगा लेक( स्थानीय भाषा में Gyakar Sinyi )(झील के साथ एक मिथक जुड़ा हुआ है कि यह झील शापित है और रात के समय कोई भी इस स्थान पर जाने की हिम्मत नही करता) …एक पहाड़ ऊपर के अंतिम सिरे पर एक झील है जहा घुमावदार रास्तो से होके पंहुचा जाता है।

Read More

Sultanpur Bird Sanctuary – The Green and Serene spot of Haryana

By

After some time we reached the watch-tower and beneath the same we were lucky to spot a barking deer and we were quick to click a picture of the same. Then from the watch towers we spotted the beautiful sightings of the migratory birds.

Common Teal, Common Greenshank, Ruff, Black-winged Stilt, Northern Pintail, White Wagtail, Northern Shoveler, Yellow Wagtail, Rosy Pelican, Spot-billed Pelican, Gadwall, Wood Sandpiper, Spotted Sandpiper,

Read More

My love-letter to Prague!

By

The boat restaurant at night that floated on the water with Jazz musicians performing live, with candles on the table-tops and lights on the bank of River Vltava shimmering on the water, bits of chicken and sips of Czech white wine entering the elementary canal calming and soothing my senses…what else were I born to do on this Earth?

Read More

Jaisalmer – Top 10 things to see and do

By

Located 18 km away from Jaisalmer, the way to desert Kuldhara village is known as the ghost village. Lying abandoned from the past few centuries, this village has no signs of human life and is also known as one of the haunted places in Rajasthan. A clan of eighty-five villages, Kuldhara was once inhabited by the Paliwal Brahmins, but due to some adverse happenings, the natives evacuated the village within a night. It is also said that while leaving the village, the villagers put a curse on it.

Read More

आस्था और सुन्दरता का संगम – स्वर्ण मंदिर अमृतसर

By

आप को बता दू की अगर बॉर्डर देखने का मन हो तो सुबह या 12/1 बजे तक भीड़ बढ़ने से पहले हो आये ताकि इत्मीनान से देख सके और हो सकता है पाकिस्तानी रेंजर आपको चाय पानी पूछ ले…साधारण दिनों में बॉर्डर पे आपसी भाईचारा और मित्रता का माहौल रहता है दोनों और के सैनिको के मध्य..बातचीत हंसी मजाक..चलता रहता है.

Read More

पुष्कर की यात्रा : कबीरा मन निरमल भया….

By

न्दिर से बाहर आ जायो तो ये शहर वही है, जिसका तिलिस्म आपको चुम्बक की तरह से अपनी और आकर्षित करता है | शहर की आबो-हवा मस्त, गलियाँ मस्त, जगह-जगह आवारा घूमती गायें मस्त और सबसे मस्त और फक्कड़ तबियत लिये हैं इस शहर के आम जन और साधू | हर मत, सम्प्रदाय के साधू आपको पुष्कर की गलियों में मिल जायेंगे, हाँ, ये बात अलग है कि असली कौन है और फर्जी कौन इसकी परख आसान नही | मोटे तौर पर सबकी निगाह फिरंगियों पर होती है और फिर फिरंगी भी बड़े मस्त भाव से महीनो इनके साथ ही घूमते रहते हैं, पता नही भारतीय दर्शन के बारे में कितना वो जान पाते होंगे या कितना ये बाबा लोग उन्हें समझा पाते होंगे पर इन्हें देखकर तो पहली नज़र में कुछ यूँ लगता है जैसे गुरु और भक्त दोनों ही भक्ति के किसी ऐसे रस में लींन हैं जिसकी थाह पाना आसान नही, जी हाँ पुष्कर इस के लिए भी जाना जाता है | वैसे, ये बाबा लोग अपने इन फिरंगी भक्तों पर अपना पूरा अधिकार रखते हैं और आपको इन से घुलने-मिलने नही देते |

इस शहर की धार्मिकता, और आध्यात्मिकता के इस बेझोड़ और आलौकिक रस में डूबे-डूबे से आप आगे बढ़तें हैं तो घाट के दूसरी तरफ ही गुरु नानक और गुरु गोबिंद सिंह जी की पुष्कर यात्रा की याद में बना ये शानदार गुरुद्वारा है, पुष्कर में आकर इस गुरूद्वारे के भी दर्शन ! और ऊपर से लंगर का समय ! लगता है ऊपर जरुर कोई मुस्करा कर अपना आशीर्वाद हम पर बरसा रहा है…ज़हे नसीब !!!

Read More

Christmas in Italy

By

Unlike the other European countries Rome station turned out to be real messy with thousands of people running in and around it. Mostly there was no queue and no prepaid taxis available. We managed to grab one and all we had to say is “Pantheon”.

Hotel Albergo Abruzzi was the destination. Located in Piazza della Rotonda, this old restored building stands across Pantheon, the ancient roman temple, dedicated to all the gods of Rome. Unlike Paris, Rome is quite a small city and if you stay at the heart of the old city almost all the sights and historical buildings will be very much walk able.

Receptionist lady smiled and quite cheerfully gave us an introduction and before we left she handed over us two copies of Rome street maps.  Having already been to Paris I had no false expectation regarding the size of the room. Small and cozy would be the apt description. It all made sense when I opened the window. There it was. Pantheon.

Read More